सारंगढ़-बिलाईगढ़ में कुपोषण पर वार, 19 विशेष शिविरों में 573 बच्चों की जांच
www.healthbhaskar.com रायपुर 11 जुलाई 2026 छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री बाल संदर्भ योजना के तहत सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले को कुपोषण मुक्त बनाने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है।
जिला प्रशासन, महिला एवं बाल विकास विभाग और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त प्रयास से जून माह में आयोजित 19 विशेष स्वास्थ्य शिविरों में 573 कुपोषित बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।
इनमें 422 बच्चों को मौके पर ही दवाइयां वितरित की गईं, जबकि 45 गंभीर कुपोषित बच्चों को पोषण पुनर्वास केंद्र (NRC) में भर्ती कराया गया।
कलेक्टर के मार्गदर्शन में जिले के सारंगढ़, कोसीर, बरमकेला और लेन्धरा परियोजना क्षेत्रों में विशेष शिविर लगाए गए। इन शिविरों में बच्चों की गहन स्वास्थ्य जांच के साथ विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा परामर्श भी दिया गया।
अधिकारियों ने संभाली जिम्मेदारी
कुपोषण की दर कम करने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों को भी इस अभियान से जोड़ा गया है। अधिकारी चिन्हित आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों के वजन और ऊंचाई का नियमित सत्यापन कर रहे हैं। साथ ही कई अधिकारियों ने कुपोषित बच्चों को गोद लेकर उनकी स्वास्थ्य प्रगति की निगरानी और नियमित फॉलोअप शुरू किया है।
स्वयंसेवी संस्थाओं का भी सहयोग
जिले की सबसे अधिक कुपोषण प्रभावित ग्राम पंचायतों को चिन्हित कर वहां विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस कार्य में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) और रेडक्रॉस जैसी स्वयंसेवी संस्थाएं भी सक्रिय सहयोग दे रही हैं।
योजना का उद्देश्य
मुख्यमंत्री बाल संदर्भ योजना का उद्देश्य 0 से 6 वर्ष तक के गंभीर कुपोषित और संकटग्रस्त बच्चों की समय पर पहचान कर उन्हें बेहतर उपचार, पोषण और विशेषज्ञ चिकित्सा उपलब्ध कराना है। योजना के तहत बच्चों की निःशुल्क स्वास्थ्य जांच, दवाइयां और बाल रोग विशेषज्ञों की सलाह दी जाती है, ताकि उन्हें कुपोषण के चक्र से बाहर निकालकर स्वस्थ और सुपोषित बनाया जा सके।
