छत्तीसगढ़ में होमियोपैथी महाविद्यालय से छात्रों और जनता को होगा लाभ : डॉ. उत्कर्ष त्रिवेदी
Healthbhaskar.com: रायपुर 04 फरवरी 2026। छत्तीसगढ़ में चिकित्सा शिक्षा और जनस्वास्थ्य को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सामने आई है। शासकीय होमियोपैथी महाविद्यालय की स्थापना को लेकर प्रदेश स्तर पर मांग तेज हो गई है। इस संबंध में डॉ. उत्कर्ष त्रिवेदी ने छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल से शिष्टाचार भेंट कर आगामी बजट में इस प्रस्ताव को शामिल करने का आग्रह किया।
स्वास्थ्य मंत्री से सार्थक चर्चा
डॉ. उत्कर्ष त्रिवेदी ने बताया कि मुलाकात के दौरान प्रदेश के हित से जुड़े इस अहम विषय पर विस्तृत और सकारात्मक चर्चा हुई। उन्होंने बताया कि शासकीय होमियोपैथी महाविद्यालय की स्थापना से न केवल चिकित्सा शिक्षा को मजबूती मिलेगी, बल्कि आम जनता को भी सुलभ, सुरक्षित और किफायती उपचार उपलब्ध हो सकेगा।
छात्रों को मिलेगा गुणवत्तापूर्ण अवसर
डॉ. त्रिवेदी के अनुसार, वर्तमान में छत्तीसगढ़ के कई छात्र होमियोपैथी की पढ़ाई के लिए अन्य राज्यों का रुख करने को मजबूर हैं। यदि प्रदेश में शासकीय महाविद्यालय स्थापित होता है तो स्थानीय छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा अपने ही राज्य में मिलेगी, जिससे आर्थिक बोझ भी कम होगा और प्रतिभा का पलायन रुकेगा।
जनस्वास्थ्य सेवाओं का होगा विस्तार
डॉ. त्रिवेदी ने बताया कि होमियोपैथी के प्रति लोगों का विश्वास लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में एक सरकारी संस्थान की स्थापना से स्वास्थ्य सेवाओं का दायरा ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में विस्तृत होगा। प्रशिक्षित होमियोपैथिक चिकित्सकों की उपलब्धता बढ़ने से आम नागरिकों को बेहतर विकल्प मिलेंगे।
प्रदेश के लिए मील का पत्थर साबित होगी पहल
डॉ. उत्कर्ष त्रिवेदी ने विश्वास जताया कि यह पहल छत्तीसगढ़ के लिए एक ऐतिहासिक कदम सिद्ध होगी। सरकार द्वारा सकारात्मक निर्णय लिए जाने पर यह न केवल चिकित्सा शिक्षा बल्कि जनस्वास्थ्य के क्षेत्र में भी प्रदेश को नई दिशा देगा।
