अम्बेडकर अस्पताल में क्लिनिकल फॉरेंसिक मेडिसिन एवं टॉक्सीकोलॉजी यूनिट का शुभारंभ, मध्यभारत को मिली ऐतिहासिक स्वास्थ्य सुविधा
Healthbhaskar.com: रायपुर | 15 दिसम्बर 2025 प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के सर्वसुलभ, सरलीकरण एवं अत्याधुनिकीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने पं. नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय एवं डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय में क्लिनिकल फॉरेंसिक मेडिसिन एण्ड टॉक्सीकोलॉजी (CFMT) यूनिट का विधिवत उद्घाटन किया। इसके साथ ही चिकित्सा महाविद्यालय के नवनिर्मित मुख्य प्रवेश द्वार का भी लोकार्पण किया गया। यह यूनिट मध्यभारत की पहली तथा देश की बारहवीं ऐसी इकाई है, जहाँ क्लिनिकल फॉरेंसिक सेवाएँ अत्याधुनिक तकनीक के साथ उपलब्ध होंगी।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुशासन में स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने के निरंतर प्रयासों के तहत यह यूनिट अम्बेडकर अस्पताल के आपात चिकित्सा विभाग में स्थापित की गई है। इसका उद्देश्य मेडिको-लीगल (MLC) मामलों में पीड़ितों की त्वरित, वैज्ञानिक एवं सटीक जांच सुनिश्चित करना है, जिससे उपचार के साथ-साथ न्यायिक प्रक्रिया को भी मजबूती मिल सके।
स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल ने उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि अपराधों की प्रकृति लगातार जटिल होती जा रही है, ऐसे में क्लिनिकल फॉरेंसिक मेडिसिन एण्ड टॉक्सीकोलॉजी यूनिट न्यायिक व्यवस्था के लिए एक सशक्त आधार प्रदान करेगी। इस यूनिट में चोटों की फॉरेंसिक जांच, शराब सेवन की ब्रीथ एनालाइज़र से पुष्टि, नशे के सेवन की यूरिन जांच तथा पॉक्सो अधिनियम के अंतर्गत उम्र निर्धारण जैसी महत्वपूर्ण सेवाएँ उपलब्ध होंगी।
स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल ने बताया कि यह राज्य का पहला ऐसा संस्थान है, जहाँ एफ.टी.ए. पेपर के माध्यम से खून के नमूनों को डीएनए जांच के लिए सुरक्षित रखा जा सकेगा। इससे आपराधिक मामलों में साक्ष्य की विश्वसनीयता बढ़ेगी और पुलिस व न्यायालय को निर्णायक साक्ष्य उपलब्ध हो सकेंगे। यह पहल जांच प्रक्रिया को वैज्ञानिक, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने में सहायक सिद्ध होगी।
इस अवसर पर उत्तर विधानसभा क्षेत्र के विधायक पुरंदर मिश्रा, दक्षिण विधानसभा क्षेत्र के विधायक सुनील सोनी, चिकित्सा महाविद्यालय के डीन डॉ. विवेक चौधरी, अम्बेडकर अस्पताल के अधीक्षक डॉ. संतोष सोनकर, फॉरेंसिक मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. स्निग्धा जैन, फॉरेंसिक मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. नागेंद्र सोनवानी, डॉ. शिवनारायण मांझी, टॉक्सिकोलॉजिस्ट डॉ. महेंद्र साहू एवं फॉरेंसिक मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. कमल साहू सहित विभाग के अन्य फैकल्टी सदस्य उपस्थित रहे।
फॉरेंसिक मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. स्निग्धा जैन के नेतृत्व में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम इस यूनिट में सेवाएँ देगी। यह टीम यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ मेडिकल साइंसेज, दिल्ली सहित प्रतिष्ठित संस्थानों से प्रशिक्षित विशेषज्ञों से युक्त है, जो आधुनिक मानकों के अनुरूप जांच सुनिश्चित करेगी।
विविध मादक पदार्थों की होगी वैज्ञानिक जांच
CFMT यूनिट में शराब के अतिरिक्त एम्फ़ैटेमिन, बार्बिटुरेट्स, बेंजोडायजेपिन, कोकीन, मारिजुआना, मेथैम्फेटामाइन, ओपियोड (हेरोइन), फेनसाइक्लिडीन (PCP), मॉर्फिन, मेथोडोन, एक्सटेसी एवं ट्राइसाइक्लिक एंटीडिप्रेसेंट जैसे मादक पदार्थों की जांच संभव होगी। इससे नशे से जुड़े अपराधों की सटीक पहचान और त्वरित कार्रवाई में सहायता मिलेगी। इस नई सुविधा के साथ रायपुर स्थित अम्बेडकर अस्पताल चिकित्सा, न्यायिक एवं सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में एक नई मिसाल स्थापित करने की दिशा में अग्रसर हुआ है।
